
राम नाम आधार
जीवन का आधार ही राम नाम है। संसार चल ही राम नाम से रहा है,राम नाम की महिमा अपरम्पार है।

जीवन का आधार ही राम नाम है। संसार चल ही राम नाम से रहा है,राम नाम की महिमा अपरम्पार है।

भगवान शिव के विराट स्वरूप की महिमा बताते हुए शिव पञ्चाक्षरी स्तोत्र के प्रारंभ में शिव को ‘नागेन्द्रहाराय’कहकर स्तुति की
पूर्वकाल में घटित यह प्रसंग गोलोकधाम का है। श्रीकृष्ण की तीन पत्नियाँ हुईं–श्रीराधा, विरजा और भूदेवी। इन तीनों में श्रीकृष्ण

महर्षि वेदव्यासकृत ब्रह्मवैवर्त पुराण के गणपति खण्ड में श्री गणेश जी के अद्भुत चरित्र का वर्णन है।(उस अद्भुत चरित्र के

गणेशोत्सव की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं और सभी भक्तजन गणेश जी को अपने-अपने घरों में लाने के लिए उत्साहित

वैसे तो हनुमानजी के बहुत सारे मंत्र हैं, जैसे ॐ हनुमंते नम: या ‘ॐ हं हनुमते नम: मंत्र को सभी

!! श्री हनुमान जी !! रामायण के महान वानर देवता हनुमान अनुशासित और भक्ति से परिपूर्ण मन का प्रतीक है।

मैंने सुना है, अकबर ने तानसेन को एक बार कहा कि तुम्हारा संगीत अपूर्व है। मैं सोच भी नहीं सकता

कलयुग में राम का नाम क्यों है श्रीराम से भी बढ़करराम से बड़ा राम का नाम राम नाम का इन

तुलसीदासजी ने बहुत ही सुन्दर सिद्धान्त की बात कही है। जब वे व्रज में भगवान् श्यामसुन्दर के विग्रह