हाथो में फल फूल नहीं, आँखों में आंसू लाया हूँ,
जैसा हूँ तेरा हूँ “बाबा”, श्री चरणों में आया हूँ,
तेरे दर पे आकर “बाबा” खुद पर भरोसा आया है,
अनहोनी सी बात हुई है, जेसे सब कुछ पाया है,
भटक भटक कर हार गया हूँ, कदम कदम ठुकराया हूँ,
जैसा हूँ तेरा हूँ “बाबा”, श्याम श्री चरणों में आया हूँ !! जय श्री श्याम













