
सब भगवान का दिया हुआ हैं।
तुम्हारे पास जो धन संपत्ति है सुख-सुविधा के साधन है सब भगवान के दिए हुए हैं। भगवान ने उन्हें इसलिए

तुम्हारे पास जो धन संपत्ति है सुख-सुविधा के साधन है सब भगवान के दिए हुए हैं। भगवान ने उन्हें इसलिए

भगवान जब किसी जीव पर कृपा करते हैं तो वे यह नहीं देखते कि उसने कितना जप, तप, पूजा-पाठ या

परमात्मा की खोज पर निकलने में जो सबसे बड़ी बाधा है, वह मन का यह नियम है कि हमें उसका

मेरे गुरुवर मेरे गिरिधर प्यारे,दोउ एकहिं हो न सपनेहुँ न्यारे। हरि की कृपा ते मिले गुरुवर प्यारे,गुरु की कृपा ते

अयोध्या के राजा दशरथ एक बार भ्रमण करते हुए वन की ओर निकले वहां उनका समाना बाली से हो गया।

अब तौ क्या इस छबि पर वारौं,यही सोच उर आवै है ।पल-पल रोम-रोम पर तन मन,कोटिनु तुच्छ दिखावै है ॥कोटि

माँ दुर्गा की नौवीं शक्ति का नाम सिद्धिदात्री हैं। ये सभी प्रकार की सिद्धियों को देने वाली हैं।[8] नवरात्र के

“रासबिहारी होते हुए भी श्रीकृष्ण ब्रह्मचारी कहलाए, इसका मर्म क्या है? आज के आधुनिक समाज में रासलीला का क्या महत्व

एक गृहस्थ भक्त अपनी जीविका का आधा भाग घर में दो दिन के खर्च के लिए पत्नी को देकर अपने

✨ 🌺।। श्रीराधे ।।🌺 🌺✨सभी को “धन तेरस” पर श्रीराधा नाम धन की प्राप्ति हो श्रीजी के प्रेम रूपी धन