
आनंदमयी राधा जी
विश्यामा संग सभी की राधा सच्चिदानंद श्रीकृष्ण की तीनप्रमुख अलौकिक शक्तियाँ,सद से रुक्मणी जीचिद से कालिन्दी (यमुना) जी औरआनंद से

विश्यामा संग सभी की राधा सच्चिदानंद श्रीकृष्ण की तीनप्रमुख अलौकिक शक्तियाँ,सद से रुक्मणी जीचिद से कालिन्दी (यमुना) जी औरआनंद से

हर साल गणपती की स्थापना करते हैं, साधारण भाषा में गणपति को बैठाते हैं। लेकिन क्यों ? किसी को मालूम

राधा जी के जन्म की सबसे लोकप्रिय कथा यह है कि वृषभानु जी को रावल में एक सुंदर शीतल सरोवर

ॐ महागणाधिपतये नमः *जय गजानन महाराज* *काफ़ी समय पहले की बात है एक गांव में एक अंधी बुढ़िया रहती थी।*.*वह

कृष्ण का नाम लेते हुए एक गोपी की आँखें बन्द हो गयीं, अश्रुधाराऐं बहने लगीं। कृष्ण ! कृष्ण ! कहते-कहते

श्री ब्रजभूमि प्रेममयी है। श्री ब्रजरज प्रेम प्रदाता है। श्री युगलकिशोर की कृपा से जिस देह में ब्रजरज लिपट गयी

वृंदावन मे बिहार से एक परिवार आकर रहने लगा। परिवार मे केवल दो सदस्य थे – राजू और उसकी पत्नी

हिन्दू धर्म में भगवान् को भोग लगाने का विधान है … क्या सच में देवतागण भोग ग्रहण करते ? हां

श्री गणेश चतुर्थी व्रत की पौराणिक कथा के अनुसार एक बार भगवान शिव तथा माता पार्वती नर्मदा नदी के किनारे

एक समय की बात है कि विष्णु भगवान का विवाह लक्ष्मीजी के साथ निश्चित हो गया। विवाह की तैयारी होने