
* पावनपर्व- महाशिवरात्रि *
शिवरात्रि तो हर महीने में आती है लेकिन महाशिवरात्रि सालभर में एक बार आती है। फाल्गुन मास की कृष्णपक्ष की

शिवरात्रि तो हर महीने में आती है लेकिन महाशिवरात्रि सालभर में एक बार आती है। फाल्गुन मास की कृष्णपक्ष की

ॐनमःशिवाय राम जी के सबसे बड़े भक्त शिवजी है।शिवजी निरन्तर राम ,नाम का जप करते है।रामायण के सबसे प्राचीन आचार्य

आज के विचार ( महान रघुकुल…मैंने प्रथम बार देखा था)भाग-35 अहह दैव मैं कत जग जायउँ ..प्रभु के एकहु काज

लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे…(श्रीतुलसीदास जी) भरत भैया के साथ आज रघुकुल के कुछ कुमार भी आ गये थे… जिन्हें मेरे

श्री कृष्णःशरणं मम‼जय श्रीकृष्ण ‼श्रीकृष्ण गोविन्द हरे मुरारी,हे नाथ नारायण वासुदेवाय!!! 🙏जय श्री नारायण हरि🙏🙏नमामि नारायण पादपंकजम्🙏 श्री विष्णु जगतपति

चला इन्द्रजित अतुलित योद्धा…(रामचरितमानस) भरत भैया ! सेतु का कार्य पूरा हुआ… और हम लोग लंका के लिए चल पड़े

| सूर्य जब मकर राशि में प्रवेश करते हैं तब मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाता है। इस बार यह

आज के विचार (गिरी गोवर्धन को मैंने श्रीकृष्ण दर्शन कराया था – हनुमान)भाग-32 गिरिवरधारी हनुमान, तुम पालक सबके…(गो. श्रीतुलसीदास) मैं

सिन्धु तरे पाषाण…(रामचरितमानस) भरत भैया ! सागर में सेतु बाँधनें का कार्य शुरू हो गया था । सागर पार कैसे

सोई सम्पदा विभीषणहिं सकुच दीन्ह रघुनाथ…(रामचरितमानस) भरत भैया ! लक्ष्मण जी के कहने से… महाराज सुग्रीव ने शीघ्रता दिखाई… और