
मैं मांगती तेरे दरबार दी
ना मैं सोहनी, ना गुण पल्ले, ना कोई सोहना अमल कमाया घर देयां आवें भूल भुलेखे मेरा

ना मैं सोहनी, ना गुण पल्ले, ना कोई सोहना अमल कमाया घर देयां आवें भूल भुलेखे मेरा

चरणों में रखना, मैया जी मुझे चरणों में रखना चरणों में रखना, मैया जी मुझे चरणों में रखना.. माँ ओ..

नंगे पैरो माँ के दर जाउंगी बुलावा मेरी माँ का आ गया, मातारानी के के दर्श पाउंगी बुलावा मेरी माँ

तेरे रहमो करम पे माँ ये सारी दुनिया चलती हे उजला दिख रहा सब को जो तेरी ज्योति जल रही

तेरे भवन आये है माँ जरा अरदास सुनो जरा अरदास सुनो हम दीवाने आप के आप के माँ नाम के

यह मेहँदी हाथा में बोर लो माथा में, ओढे माँ चुनरी लाल लाल, झड़े हीरो को हार रे, यह मेहँदी

मेरे हाथों में तु खीँच दे लकीर ऐसी माँ सोई हौई जगा दे, तक़दीर मेरी माँ मेरे हाथों में तु

माता.. माता.. माता.. माता.. माता.. माता… सुनले तूँ मेरी पुकार हो… सुनले तूँ मेरी पुकार,माता मैं तो घिरा हूँ, घोर

दाती तेरे चरणों का, में हूं दीवाना, दर्शन दे दो मईया, करो न बहाना, भवन पे तेरे मैंने ज्योति है

मैया जागे विच आई ते कमाल हो गई खाली झोली मेरी मैया माला माल हो गई मैया दे द्वारे उते