
भज रे मन तू श्री राधे राधे श्याम को
शामल छवि सुख दाम को भज रे मन तू श्री राधे राधे श्याम को मोहक सरल मनोहर है वो शीतल

शामल छवि सुख दाम को भज रे मन तू श्री राधे राधे श्याम को मोहक सरल मनोहर है वो शीतल

कदे बनके परोना आ श्यामा मैनु तेरे मिलन दा चा श्यामा तेरी तेरी खातिर कुआ खुदवानी आ पानी भरण दे

आओ नी आओ प्यारा सांवरिया मीरा रा नटवर नगरिया बा मीरा कांई थान घोल पिलायो विष का प्याला ने क्ईईंया

दोहा– डरते रहो ये जिंदगी बेकार ना होजाये, सपने में किसी जीवका अपकार ना होजाये, ये मेला है बस दो

आजाओ मेरे श्याम देर क्यू लगायी जे, असा तेरे नाल भगवन प्रीत निभायी जे, इस जीवन दिया घड़ियाँ, ओ छिन

दर्श दिखा दर्श दिखा इक वार सँवारे दर्श दिखा, देर सुनो अब जगो मुरारी विनती कर कर नैना हारी, अब

नी मैं वेख आइया सावरे दी कुंज गली, कुंज गली फुल्ल नाल सजी, श्याम ता मेरा फुल गुलाब दा, राधा

हे श्याम, श्याम, श्याम, श्याम, मेरे श्याम करुणा सुनो श्याम मेरी ॥ करुणा सुनो श्याम मेरी, मैं तो होय रही

श्याम तेरी बन्सी पुकारे राधा नाम लोग करे मीरा को यूँ ही बदनाम साँवरे की बन्सी को बजने से काम

ओ कान्हा तेरी बांसुरी काहा घूम हो गई गोपियों से जरा तू पुच ले आजा रे कन्हियाँ तोहे राधा बना