
सँवारे जब से देखा है तुझको आधी पागल सी मैं हो गई हु
सँवारे जब से देखा है तुझको आधी पागल सी मैं हो गई हु, तेरी नजरो की मीठी छुरी से प्यारे

सँवारे जब से देखा है तुझको आधी पागल सी मैं हो गई हु, तेरी नजरो की मीठी छुरी से प्यारे

मुँह फेर जिधर देखु मुझे तू ही नज़र आये हम छोड़के दर तेरा अब और किधर जाये मुरलीवाला नज़र आये

मोहे पनघट पे नन्द लाल छेड़ गेयो रे मोरी नाजुक कलईया मरोड़ गेयो रे, मोहे पनघट पे नन्द लाल छेड़

सुना के अपनी मुरलियां काहा गये कान्हा जरा सी तान सुना के कहा गए कान्हा, सुना के अपनी मुरलियां काहा

श्याम से नैना लड़ गए, लाख मनाया मैंने इनको, ये तो जिद पर अड़ गए, अपनी ही ना रही खबर,

मत खोलो हरि जी मेरा खाता, मेरा जनम जनम का नाता, मैंने कौन जनम नही पाप किये, तूने कौन जनम

हाय रे मेरे प्रियतम मोहना, तुझ बिन कहाँ सुख पायें, हाय रे मेरे प्रियतम मोहना, तुझ बिन कहाँ सुख पायें,

मुरली जो ली तूने हाथो में, सारी सखियाँ नाचने लगी कन्हैया तेरे साथ में, झूम रहा है वृन्दावन जो रहा

साई राम अपनी ज़िंदगी तेरे नाम कर दियां, भक्ति में हमने सारी उम्र तमाम कर दियां,. तेरी सेवा में हमने

मेरा नंबर मिलायो सखियों मैं श्याम नाल गल्ल करनी पहला नंबर मथुरा मिलाया घंटी बजी देवकी ने उठाया वो तो