
मन लेके आया माता रानी के भवन में
मन लेके आया माता रानी के भवन में बड़ा सुख पाया, बड़ा सुख पाया, माती रानी के भवन में… जय

मन लेके आया माता रानी के भवन में बड़ा सुख पाया, बड़ा सुख पाया, माती रानी के भवन में… जय

मैया देने वाली है हम लेने वाले है आज खाली हाथ नही जाना जिसे चाहिए जैकार लगाना मैया देने वाली

लैलो कंजका मैं वैष्णो तो आई आ माँ मेरी दा सचा द्वारा उचे पर्वत विच नजारा लैलो भगतो मैं केक

झंडे झुल्दे लाल मैया जी तेरे मंदिरा ते मस्त हवा दी चाल मैया जी तेरे मंदिरा ते मंदिरा ते तेरा

जय मैया ,जय मैया , जय मैया ,जय मैया , माँ पूर्णा के दर पर जब भी आया कोई सवाली।

हैवान जमाना है बेबस हर नारी है, सदियों से यही क्यों माँ नारी ये बेचारी है, बन कर के माँ

बोल संगते जैकारा शेराँ वाली दा ॥ बोल संगते जैकारा जोता वाली दा, जैकारा शेराँ वाली दा,जैकारा मेहरा वाली दा,

किला गड़ कोट कांगड़ा तेरा , किला गड़ कोट कांगड़ा तेरा ऊंचे पर्वत करें बसेरा किला गढ़ नगर कोट की

मेरे सारे कष्ट निवार,मेरी माँ अम्बे मेरी जगदम्बे॥ जिन के हाथ निशान है,तीन अत्कवे कौन रखन वाली जान माँ ,मारण

कभी दुर्गा बन के कभी काली बन के चली आना मईया जी चली आना ब्रह्मचारिणी रूप में आना ॥ भक्ति