
जय बाबा की दिल से बोलो
जय बाबा की दिल से बोलो भेद दिलो के अपने खोलो, हर मुश्किल आसान तुम्हारी राम बना देंगे, और बजरंगी

जय बाबा की दिल से बोलो भेद दिलो के अपने खोलो, हर मुश्किल आसान तुम्हारी राम बना देंगे, और बजरंगी

दुःख दर्दों की मेरी कहानी तू जाने या मैं जानूं दुनिया ये साड़ी है बेगानी तू जाने या मैं जानूं

राखी का त्यौहार है सुन लो बहनो मेरी ओ प्यारी, जिस बहिन का भाई नहीं हो रोती विलकती वेचारी, भाई

क्या वैकुण्ठ क्या स्वर्ग का करना मुझको जान से प्यारा, खाटू धाम हमारा, खाटू की धरती पावन यहाँ बाबा का

मुझे श्याम ले लो अपनी शरण, चरणों में रखना मुझको जन्मो जन्म, मुझे श्याम ले लो अपनी शरण पूरी करो

मात-पिता गुरु देवता, तीनो एक सामान, इन से हिल-मिल चलिए, वो नर चतुर सुजान, संसार सागर है मगर, माता-पिता एक

हो रही जय जय कार जोगियां हो रही जय जय कार, दर आया ते महरा करदे भर दे भण्डार, हो

अगर श्याम काम आया इक तेरा नाम आया, जो मांगा दे दिया देके न जताया, अगर श्याम काम आया इक

श्याम तेरी मुरली पे नाच रहा जग सारा, राधा नाचे मीरा नाचे भजा के आज इक तारा, तेरी मुरली की

समज ले बात मलेगी हाथ चुनरियाँ रह जायेगी कोरी, गोरी आयो फागुन मॉस खेल तू रसियां से होली, तू है