
भक्त के लिए ईश्वर का उपहार
ईश्वर अपने हर भक्त को एक प्यार भरी जिम्मेदारी सौंपता है और कहता है इसे हमेशा सम्भाल का रखा जाय।

ईश्वर अपने हर भक्त को एक प्यार भरी जिम्मेदारी सौंपता है और कहता है इसे हमेशा सम्भाल का रखा जाय।

सवारियो के इंतजार मे आटो स्टैण्ड पर अपने आटो में बैठा मोहन.. बाजू के आटो में बैठे दीनू चाचा से

एकबार एक माई जिसका नाम माई देसा था !! श्री हरगोबिंद सिंह जी महाराज के पास आई और आकर सीधा

अनेकों तरह से अनेक सम्पत्तियों की खोज में बाहर भटका। बाहरी खोज से उसे तृप्ति नहीं मिली । फिर स्वयं

बीस जून को जगन्नाथ यात्रा पुरी के राजा स्वयं अपने हाथों से झाडू़ लगाते हैं,और वो सोने की झाड़ू से

गुरु पूर्णिमा पर कथा टेहरी राजवंश के 15-16 वर्षीय राजकुमार के हृदय में एक प्रश्न उठा ईश्वर क्या है? वह

हरि हरि बोल आज की कथा में पढ़ते हैं मुझे रोज सत्संग की क्या जरूरत है एक बार एक युवक

एक महिला हैं, वो जयपुर में एक PG ( पेइंग गेस्ट ) रखती हैं।उनका अपना पुश्तैनी घर है, उसमे बड़े

एक राजा था,उसके चार बेटे थे। एक दिन राजा ने उन्हें बुलाकर कहा,‘‘जाओ, किसी धर्मात्मा को खोज लाओ,जो सबसे बड़े

” टेंटी को साग औऱ बेजर की रोटी ….. एक बार अष्टसखा में से कुम्भनदास जी श्रीनाथजी को देखने के