
श्याम ने दिया है जो भी श्याम ही सम्बाले गा
श्याम ने दिया है जो भी श्याम ही सम्बाले गा, मैया मझधार से श्याम ही निकालेगा, श्याम ने दिया है

श्याम ने दिया है जो भी श्याम ही सम्बाले गा, मैया मझधार से श्याम ही निकालेगा, श्याम ने दिया है

मेरे बांके बिहारी ने बुलाया चली मैं वृन्दावन को चली, चली मै वृदावन को चली मेरे श्याम का संदेसा आया,

नाचे राधा छनके पायलियाँ मुरली बाजे कन्हिया की, बोले कोयल मोर पपीहा मुरली भजे कन्हैया की. दास नाचो है यमुना

जब दुनिया तुझे सताए,कोई ना साथ निभाए, जिसे तूने अपना माने वो भी नजरो को चुराए, ऐसे में श्याम तेरा

मोरे कान्हा तोरी अँखियाँ जादू भरी मोरे कान्हा तोरी अँखियाँ जादू भरी, जब तें लड़ीे निगोड़ी मोरी अँखियाँ, बेसुध विह्वल

दिल मेरा ले गया सांवरिया ओढ के काली काबलियॉ राधा तुम्हे पुकारे है कब आओगे सॉवलिया, रास रचा जाओ सॉवलिया

पाके घुंगरू मैं नचा हारावलिया तेरा दर नाहियो छड़ना छड़ देवांगी गहने जेवर तुलसी माला पाके तेरा दर नाहियो छड़ना

बस कोई न चलेया मेरा मैं ते रोकियाँ बड़ियाँ बंसी वालेया अखियाँ तेरे नाल लड़ियाँ दुनिया दे नाल तोड़ के

श्री भगवत भगवान की है आरती पापियों को पाप से है तारती ये अमर ग्रन्थ ये मुक्ति पन्थ, ये पंचम

ओ राधे तेरी पल पल याद सतावे मिल्न ने देर न लाया कर, श्याम दुनिया कर ले तकरार रोज रोज